45 दिवसीय मनरेगा बचाओ संग्राम मस्तुरी ब्लाॅक के ओखर मंडल के 21 गांवो तक जन जागरण पदयात्रा और नुक्कड़ सभा का ग्राम ओखर में समापन ।
45 दिवसीय मनरेगा बचाओ संग्राम मस्तुरी ब्लॉक के ओखर मंडल के 21 गांवो तक जन जागरण पदयात्रा और ** नुक्कड़ सभा का ग्राम ओखर में समापन* ( सतकली बावरे जिला पंचायत सदस्य )
गणेशदत्त राजू तिवारी कि रिपोर्ट
मस्तुरी:अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के आह्वान पर मस्तुरी ब्लॉक में मनरेगा बचाओ संग्राम अभियान का ओखर मंडल के ग्राम बेटरी से आगाज़ किया, यह देशव्यापी 45 दिवसीय आंदोलन का हिस्सा है, जिसका नेतृत्व मनरेगा बचाओ संग्राम के प्रभारी जिला पंचायत सदस्य सतकली बावरे, जनपद सदस्य ज्वाला प्रसाद बंजारे, ओखर सरपंच प्रतिनिधि लक्ष्मी यादव,कांग्रेस के छाया नपं. अध्यक्ष प्रतिनिधि निलेश कैवर्त,युवा कांग्रेस नेता सत्येंद्र साहू सहित ओखर मंडल के अंदर आने वाले ग्राम पंचायतो के प्रभारीयों ने किया!
जन जागरण पदयात्रा, चौपाल नुक्कड़ सभा के माध्यम से कांग्रेसी पदाधिकारी प्रभारियों ने आरोप लगाया कि केंद्र की मोदी सरकार मनरेगा के अधिकारों को व्यवस्थित तरीके से कमजोर कर खत्म कर रही है! मनरेगा बचाओ संग्राम के तहत ग्राम बेटरी से शुरुआत की गई और समापन ग्राम पंचायत ओखर मंडल में किया गया!

आयोजित इस कार्यक्रम में बडी संख्या में पार्टी के वरिष्ठ नेताओं मंडल प्रभारियों पदाधिकारियों और अन्य कार्यकर्त्ताओं ने भाग लिया!
जिला पंचायत सदस्य सतकली बावरे ने मनरेगा बचाओ संग्राम के तहत अपने प्रभार के प्रत्येक ग्राम पंचायतों के गांव गांव में पदयात्रा चौपाल नुक्कड़ सभा में अपने संबोधन में केंद्र के मोदी सरकार पर तीखा हमला करते हुए लोगों को मजदूरों को जागृत करते बताया कि महात्मा गाँधी के नाम पर बनी मनरेगा ग्रामीण रोजगार योजना की आत्म स्वरूप को बदलकर गरीबो मजदूरों से उनका रोजगार का अधिकार छीना जा रहा है! उन्होंने कहा कि मनरेगा ग्रामीण योजना से देशभर के करोडो ग्रामीण मजदूरों को काम की कानूनी गारंटी मिली थी!
नई व्यवस्था के जरिये मोदी सरकार गरीब मजदूरों को कुचलकर चंद पूंजीपतियों को सौंपना चाहती है, मनरेगा के तहत ग्रामीण मजदूर परिवारों को काम की कानूनी गारंटी प्राप्त थी, जिसके अनुसार काम मांगने पर 15 दिनों के भीतर रोजगार उपलब्ध कराना अनिवार्य था, लेकिन भाजपा सरकार द्वारा किए गए संशोधनों से यह अधिकार समाप्त होने की कगार में दिखाई दे रही है!

जिला पंचायत सदस्य सतकली बावरे ने स्पष्ट ग्रामीणों को बाताया कि अब मनरेगा सरकार की मर्जी से बांटी जाएगी जिससे यह तय किया जाएगा कि किस किस ग्राम पंचायत को काम मिलेगा और किसे नही, पहले मनरेगा का अधिकांश खर्च केंद्र सरकार वहन करती थी और राज्यों पर मात्र 10 प्रतिशत का भार था, लेकिन अब यह बढकर 40 प्रतिशत कर दिया गया है!
जिला पंचायत सदस्य ओखर मंडल प्रभारी सतकली बावरे ने मनरेगा बचाओ संग्राम के समापन पर ओखर मंडल में मनरेगा बचाओ संग्राम की चार प्रमुख मांगे रखते हुए कहा कि काम की गारंटी, मजदुर की गारंटी, जवाबदेही की गारंटी, और मनरेगा कानून की पूर्ण बहाली सुनिश्चित की जाए तथा संशोधनों को तुरंत वापस लिया जाए! उन्होंने ग्रामीणों, मजदूरों से संगठित होकर अपने अधिकारों की लडाई लडने का आह्वान किया और कहा कि कांग्रेस पार्टी सडक से लेकर संसद तक उनके साथ खडी है! कांग्रेस पार्टी ने प्रभारियों और मंडल अध्यक्ष, कार्यकर्त्ताओं से लोगो को ग्रामीण मजदूरों को उनके रोजगार के अधिकार के प्रति जागरूक करने और इस अभियान को राज्य का दर्जा बहाल करने के आंदोलन से जोडने का आह्वान किया!

मनरेगा बचाओ संग्राम अभियान में लगातार ओखर मंडल के कार्यक्रम में जिला पंचायत सदस्य सतकली बावरे, जनपद सदस्य ज्वाला प्रसाद बंजारे, ओखर मंडल के प्रभारी सत्येंद्र साहू, निलेश कैवर्त, ओखर मंडल अध्यक्ष सरपंच प्रतिनिधी लक्ष्मी यादव, ठकूरदेवा सरपंच केशव साहू,पूर्व नपं. उपाध्यक्ष लक्ष्मणकांत, पूर्व नपं. एल्डरमैन नवीन अग्रवाल, गोल्डी यादव,व कांग्रेस संगठनों के पदाधिकारियों और कांग्रेसी कार्यकर्त्ताओं ने शामिल होकर इस अभियान को सफल बनाया!

